- राजस्थान व्यूज़ |
- ताजा खबरें
मण्डरायल व करणपुर के घाटों पर भारी पुलिस जाप्ते के साथ ताबड़तोड़ दबिश, बजरी के अवैध स्टॉक नष्ट
करौली पुलिस और वन विभाग का चम्बल में महाअभियान
• 4 जून तक बढ़ाया गया विशेष चेकिंग अभियान; आरएसी की दो बटालियन और जेसीबी मशीनों के साथ चौतरफा घेराबंदी
जयपुर 22 मई। माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा सुओ मोटो सिविल रिट पिटीशन में नेशनल चम्बल सेन्चुरी क्षेत्र में अवैध खनन की रोकथाम और दुर्लभ जलीय जीवों के संरक्षण के संबंध में जारी कड़े आदेशों की पालना में करौली जिला पुलिस पूरी तरह मुस्तैद है। जिला पुलिस अधीक्षक लोकेश सोनवाल के निर्देशन में चम्बल नदी क्षेत्र से अवैध बजरी के खनन, भण्डारण और निर्गमन को समूल नष्ट करने के लिए पूर्व में 6 अप्रैल से 20 अप्रैल 2026 तक एक विशेष अभियान चलाया गया था। इस अभियान की संवेदनशीलता और प्रभावशीलता को देखते हुए इसे पहले 21 अप्रैल से 5 मई तक (15 दिवस) और अब पुनः आगामी 6 मई से 4 जून 2026 तक (एक माह) के लिए बढ़ा दिया गया है, जिसके तहत पुलिस, वन विभाग, खनिज और परिवहन विभाग द्वारा संयुक्त रूप से चौतरफा कार्रवाई की जा रही है।
अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस कानून एवं व्यवस्था श्री वी के सिंह ने बताया कि विशेष अभियान के तहत थाना मण्डरायल क्षेत्र में बजरी माफियाओं के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई गई है। मण्डरायल थानाधिकारी रामचन्द्र रावत के नेतृत्व में थाना जाप्ता, 14वीं बटालियन आरएसी पहाड़ी के जवानों तथा चम्बल घड़ियाल रेंजर टिंकू सिंह मय जाप्ता, खनिज व परिवहन विभाग की संयुक्त टीम ने ग्राम ईमरतापुरा में दबिश देकर माफियाओं द्वारा छिपाकर रखे गए अवैध चम्बल बजरी के भारी भण्डारण को पूरी तरह नष्ट कर दिया है।
इसके साथ ही आज 22 मई को भी मण्डरायल थानाधिकारी और वन विभाग के एसीएफ कैलादेवी हरिसिंह हाडा के नेतृत्व में नयागाँव के जंगलों में भारी मात्रा में मिले अवैध बजरी के स्टॉकों को जेसीबी मशीनों की मदद से जमींदोज़ करने की संयुक्त कार्रवाई निरंतर जारी रही।
संवेदनशील घाटों पर एक साथ औचक दबिश
चम्बल के बीहड़ों और दुर्गम घाटों से होने वाली तस्करी को रोकने के लिए पुलिस और आरएसी की टीमों ने सर्चिंग बेहद तेज कर दी है। मण्डरायल थाना पुलिस और आरएसी के जवानों द्वारा खाण्डेपुरा, धांस घाट, पांचौली घाट, रांचौली घाट, रहु घाट, राजघाट, नयागॉव घाट, मोगेपुरा घाट और खिरकन घाट पर लगातार सघन दबिश दी जा रही है। इस दौरान कानून व्यवस्था और प्रभावी मॉनिटरिंग के लिए वृत्ताधिकारी अनुज शुभम के नेतृत्व में भारी पुलिस जाप्ते ने 19 और 20 मई की मध्यरात्रि को चम्बल नदी के सभी संवेदनशील घाटों पर एक साथ औचक दबिश दी। निगरानी तंत्र को और मजबूत करने के लिए पुलिस लाइन करौली से 6वीं बटालियन आरएसी धौलपुर के जवानों को भी तैनात कर मण्डरायल थानाधिकारी द्वारा निजी और सरकारी वाहनों के जरिए इन सभी घाटों पर दिन-रात निरंतर मोबाइल पैट्रोलिंग करवाई जा रही है।
सीमावर्ती थानों के साथ मजबूत समन्वय
अंतर-राज्यीय और अंतर-जिला बजरी तस्करी के रूट को ब्लॉक करने के लिए मण्डरायल पुलिस द्वारा सीमावर्ती थानों के साथ मजबूत समन्वय स्थापित किया गया है। इसी क्रम में मण्डरायल थानाधिकारी रामचंद्र रावत ने मध्य प्रदेश सीमा से सटे सबलगढ़ (मप्र) की थानाधिकारी राजकुमारी परमार से संपर्क साधकर रणनीतिक चर्चा की, जिसके बाद राजस्थान पुलिस, मप्र पुलिस, आरएसी और चम्बल घड़ियाल वन जाप्ते ने संयुक्त रूप से ईमरतापुरा घाट पर एक बड़ी कॉम्बिंग और दबिश की कार्रवाई को अंजाम दिया।
सादा कपड़ों में पुलिसकर्मी और मुखबिर तंत्र सक्रिय
इसके अतिरिक्त बजरी माफियाओं की एडवांस रेकी और खुफिया सूचनाएं तंत्र को फेल करने के लिए मण्डरायल थाने से प्रतिदिन दो पुलिस कॉन्स्टेबलों को सादा वस्त्रों में आसूचना संकलन हेतु रवाना किया जा रहा है तथा रात्रि गश्ती अधिकारियों व खास मुखबिरों को कड़ी हिदायत दी गई है।
मण्डरायल के साथ-साथ करणपुर थाना क्षेत्र में भी बजरी माफियाओं के खिलाफ कड़ा पहरा लगा दिया गया है। पुलिस उप अधीक्षक एससी/एसटी सेल, करौली दुलीचन्द के नेतृत्व में करणपुर थाना जाप्ते और 14वीं बटालियन आरएसी के जवानों ने चम्बल नदी के मुख्य एंट्री पॉइंट गोटा घाट और कैमोखरी घाट पर सघन रात्रि पैट्रोलिंग की। इसके अगले ही दिन पुलिस निरीक्षक ओमेंद्र सिंह के नेतृत्व में आरएसी और पुलिस बल ने पुनः गोटा और कैमोखरी घाट क्षेत्र में चम्बल नदी के किनारे संयुक्त गश्त कर तस्करों के संभावित रास्तों को पूरी तरह ब्लॉक कर दिया।
वन विभाग और पुलिस विभाग के उच्च अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि माननीय सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की अक्षरशः पालना में चम्बल अभ्यारण्य क्षेत्र में प्रतिदिन यह संयुक्त गश्त, सतत् निगरानी और बजरी स्टॉक को नष्ट करने की कठोर वैधानिक कार्रवाई 4 जून तक लगातार जारी रहेगी।
