- राजस्थान व्यूज़ |
- ताजा खबरें
उल्लास से संपन्न हुआ शिक्षा संकाय का वार्षिक उत्सव स्पंदनम्
उदयपुर। शिक्षा संकाय का वार्षिक उत्सव स्पंदनम मंगलवार को गरिमा, उल्लास और सांस्कृतिक सौंदर्य के अद्भुत संगम के रूप में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों के आत्मीय स्वागत एवं अभिनंदन से हुआ, जिसके पश्चात दीप प्रज्वलन की मंगल परंपरा ने ज्ञान के प्रकाश का संदेश दिया और सरस्वती वंदना की मधुर स्वर-लहरियों ने पूरे सभागार को आध्यात्मिक आभा से आलोकित कर दिया। मुख्य अतिथि लेफ्टिनेंट जनरल एन. के. सिंह ने अपने ओजस्वी एवं प्रेरणादायी उद्बोधन में शिक्षा को राष्ट्रनिर्माण की आधारशिला बताते हुए अनुशासन, समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा को सफलता का मूल मंत्र बताया। कार्यक्रम के अध्यक्ष प्रो. हेमंत कोठारी, वाइस चांसलर, पेसिफिक यूनिवर्सिटी ने आधुनिक शिक्षा प्रणाली, नवाचार और तकनीकी उन्नति की आवश्यकता पर विशेष बल दिया। कार्यक्रम में डॉ. कपिलेश तिवारी, प्राचार्य, पेसिफिक शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय ने संस्थान की उपलब्धियों और स्पंदनम् के उद्देश्य पर प्रकाश डाला। डॉ. हेमंत पंड्या, प्राचार्य, पेसिफिक शारीरिक शिक्षा महाविद्यालय ने अनुशासन, स्वास्थ्य और संतुलित जीवनशैली को सफलता का आधार बताया तथा विद्यार्थियों को शारीरिक एवं मानसिक रूप से सशक्त बनने की प्रेरणा दी। डॉ. जितेंद्र सिंह चुंडावत, उप-प्राचार्य, पेसिफिक शारीरिक शिक्षा महाविद्यालय ने शिक्षा और खेल के संतुलन को जीवन में आवश्यक बताते हुए विद्यार्थियों को सक्रिय, अनुशासित एवं सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने का संदेश दिया। कार्यक्रम के मध्य विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने आयोजन को जीवंतता प्रदान की। एकल एवं समूह नृत्य प्रस्तुतियों ने भारतीय संस्कृति की समृद्ध परंपरा को सजीव रूप में प्रस्तुत करते हुए दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। रंग, लय और भाव की इस सुंदर अभिव्यक्ति ने सभागार को तालियों की गूंज से भर दिया। पुरस्कार वितरण समारोह में विभिन्न शैक्षणिक एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। साथ ही उत्कृष्ट खिलाडियो का सम्मान किया गया, जिसमें साउथ एशियन हैंडबाल चैम्पियनशिप विजेता विरभद्र सिंह चौहान एव जुजित्सु राष्ट्रिय पदक विजेता ईशान वैष्णव को विश्वविद्यालय क्रिड़ा मंडल की ओर से सम्मानित किया गया। संचालन डॉ. कृपा जैन द्वारा किया गया। डॉ. हेमंत पंड्या द्वारा आभार व्यक्त किया गया।
